आजकल ज्यादातर स्मार्टफोन में Wi-Fi Calling का फीचर मिलता है। अगर आपके घर या ऑफिस में मोबाइल नेटवर्क कमजोर है, तो फोन अपने आप Wi-Fi के जरिए कॉल करने लगता है। वहीं दूसरी तरफ Cellular Calling यानी सामान्य मोबाइल नेटवर्क के जरिए होने वाली कॉल तो हम सालों से करते आ रहे हैं।
लेकिन कई लोगों के मन में एक सवाल जरूर आता है कि आखिर Wi-Fi Calling और Cellular Calling में से किससे फोन की बैटरी ज्यादा खर्च होती है? क्या Wi-Fi Calling बैटरी बचाती है या उल्टा ज्यादा खत्म करती है? इसका जवाब इतना सीधा नहीं है, क्योंकि यह पूरी तरह इस बात पर निर्भर करता है कि आपका नेटवर्क कैसा है और आप फोन का इस्तेमाल किस तरह कर रहे हैं।
पहले समझिए Wi-Fi Calling क्या होती है?
Wi-Fi Calling में आपकी कॉल मोबाइल टावर की बजाय Wi-Fi इंटरनेट के जरिए होती है। यानी अगर आपके घर में मोबाइल नेटवर्क ठीक से नहीं आ रहा, लेकिन Wi-Fi अच्छा चल रहा है, तो आप बिना किसी दिक्कत के कॉल कर सकते हैं। सबसे अच्छी बात यह है कि सामने वाले व्यक्ति के पास Wi-Fi Calling होना जरूरी नहीं है। अगर आपके फोन और मोबाइल कंपनी में यह सुविधा उपलब्ध है, तो आप सामान्य तरीके से ही कॉल कर सकते हैं।
Cellular Calling कैसे काम करती है?
Cellular Calling वही तरीका है जिससे हम रोज कॉल करते हैं। इसमें आपका फोन आसपास लगे मोबाइल टावर से कनेक्ट होता है। अगर सिग्नल अच्छे हैं, तो कॉलिंग भी साफ होती है और बैटरी की खपत भी सामान्य रहती है। लेकिन अगर नेटवर्क कमजोर हो, तो फोन बार-बार बेहतर सिग्नल ढूंढने की कोशिश करता है। यही वजह है कि कई बार कमजोर नेटवर्क वाली जगह पर फोन की बैटरी तेजी से खत्म होने लगती है।
आखिर किसमें ज्यादा बैटरी खर्च होती है?
अगर आपके फोन में मोबाइल नेटवर्क बहुत कमजोर है, लेकिन Wi-Fi का सिग्नल मजबूत है, तो ऐसी स्थिति में Wi-Fi Calling अक्सर कम बैटरी खर्च करती है। वजह यह है कि फोन को बार-बार मोबाइल टावर खोजने की जरूरत नहीं पड़ती। वहीं अगर आपका Wi-Fi भी बार-बार डिस्कनेक्ट हो रहा है या उसका सिग्नल कमजोर है, तो फोन लगातार Wi-Fi और मोबाइल नेटवर्क के बीच स्विच करता रहता है। ऐसे में बैटरी ज्यादा खर्च हो सकती है। यानी कोई एक जवाब हर स्थिति पर लागू नहीं होता। बैटरी की खपत पूरी तरह आपके नेटवर्क की क्वालिटी पर निर्भर करती है।
कमजोर नेटवर्क क्यों जल्दी खत्म करता है बैटरी?
बहुत से लोगों को लगता है कि बैटरी सिर्फ स्क्रीन या गेम खेलने से खत्म होती है। लेकिन ऐसा नहीं है। जब आपके फोन में सिर्फ एक या दो सिग्नल बार आते हैं, तो फोन लगातार आसपास के टावर से मजबूत कनेक्शन बनाने की कोशिश करता रहता है। इस प्रक्रिया में फोन का मॉडेम ज्यादा मेहनत करता है और बैटरी तेजी से खर्च होती है। यही वजह है कि बेसमेंट, लिफ्ट, पहाड़ी इलाकों या खराब नेटवर्क वाली जगहों पर फोन जल्दी डिस्चार्ज होने लगता है।
क्या Wi-Fi हमेशा बेहतर विकल्प है?
जरूरी नहीं। अगर आपके घर का Wi-Fi तेज, स्थिर और हमेशा चालू रहता है, तो Wi-Fi Calling काफी अच्छा विकल्प है। कॉल की आवाज भी साफ आती है और कई मामलों में बैटरी की बचत भी हो सकती है। लेकिन अगर आपका Wi-Fi बार-बार बंद होता है, इंटरनेट स्लो है या राउटर से बहुत दूर बैठे हैं, तो अनुभव अच्छा नहीं रहेगा। ऐसे में Cellular Calling ज्यादा भरोसेमंद साबित हो सकती है।
क्या Wi-Fi Calling में इंटरनेट ज्यादा खर्च होता है?
नहीं, जितना लोग सोचते हैं उतना बिल्कुल नहीं। एक सामान्य वॉयस कॉल में बहुत कम डेटा खर्च होता है। अगर आप सिर्फ Wi-Fi Calling कर रहे हैं, तो आपके इंटरनेट पैक पर लगभग कोई बड़ा असर नहीं पड़ता। इसलिए सिर्फ डेटा बचाने के लिए Wi-Fi Calling बंद करने की जरूरत नहीं है।
बैटरी बचानी है तो ये बातें जरूर ध्यान रखें
अगर आप चाहते हैं कि फोन की बैटरी ज्यादा देर चले, तो सबसे पहले ऐसे नेटवर्क का इस्तेमाल करें जिसका सिग्नल मजबूत हो। अगर घर में मोबाइल नेटवर्क कमजोर है और Wi-Fi अच्छा चलता है, तो Wi-Fi Calling ऑन रखें। लेकिन अगर Wi-Fi खुद बार-बार कट रहा है, तो उसे बंद कर देना बेहतर रहेगा। साथ ही जरूरत न होने पर Bluetooth, GPS और दूसरी बेकार की सर्विस भी बंद रखें। स्क्रीन की ब्राइटनेस कम रखें और बैकग्राउंड में चल रहे ऐसे ऐप्स बंद करें जिनकी जरूरत नहीं है। ये छोटी-छोटी आदतें बैटरी बैकअप काफी बढ़ा सकती हैं।
किन लोगों को Wi-Fi Calling जरूर इस्तेमाल करनी चाहिए?
अगर आप ऐसे इलाके में रहते हैं जहां घर के अंदर मोबाइल नेटवर्क कमजोर रहता है, लेकिन ब्रॉडबैंड या फाइबर इंटरनेट अच्छा चलता है, तो Wi-Fi Calling आपके लिए काफी फायदेमंद फीचर है। इसके अलावा ऑफिस, बड़े मॉल, बेसमेंट या मोटी दीवारों वाली बिल्डिंग में भी यह फीचर बेहतर कॉलिंग एक्सपीरियंस दे सकता है। इससे कॉल ड्रॉप की समस्या भी काफी हद तक कम हो जाती है।
क्या हर फोन में मिलता है यह फीचर?
आजकल आने वाले ज्यादातर एंड्रॉयड और iPhone में Wi-Fi Calling का सपोर्ट मिलता है। हालांकि इसके लिए आपका मोबाइल ऑपरेटर भी इस सुविधा को सपोर्ट करना चाहिए। अगर फीचर उपलब्ध है, तो फोन की सेटिंग्स में जाकर इसे आसानी से ऑन किया जा सकता है।
हमारी राय
Wi-Fi Calling और Cellular Calling में से कौन ज्यादा बैटरी खर्च करेगा, इसका कोई एक तय जवाब नहीं है। अगर मोबाइल नेटवर्क कमजोर है और Wi-Fi मजबूत है, तो Wi-Fi Calling बैटरी बचाने में मदद कर सकती है। वहीं अगर Wi-Fi का सिग्नल खराब है, तो Cellular Calling बेहतर ऑप्शन हो सकती है। इसलिए किसी एक फीचर को हमेशा अच्छा या हमेशा खराब कहना सही नहीं होगा। सबसे अच्छा तरीका यही है कि जिस जगह पर जो नेटवर्क ज्यादा मजबूत हो, उसी का इस्तेमाल करें। इससे न सिर्फ बैटरी बेहतर चलेगी, बल्कि कॉलिंग एक्सपीरियंस भी काफी अच्छा रहेगा।









