अगर आप WhatsApp का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। साइबर अपराधी अब लोगों को ठगने के लिए नया तरीका अपना रहे हैं। इस बार निशाने पर हैं .EXE और .DLL जैसी फाइलें। गृह मंत्रालय के तहत काम करने वाले Indian Cyber Crime Coordination Centre (I4C) के CyberDost प्लेटफॉर्म ने लोगों को चेतावनी दी है कि अगर WhatsApp पर किसी अनजान व्यक्ति से ऐसी फाइल मिले, तो उसे गलती से भी डाउनलोड या ओपन न करें। ऐसा करने पर आपकी चैट हिस्ट्री, फोटो, कॉन्टैक्ट्स और यहां तक कि आपका WhatsApp अकाउंट भी खतरे में पड़ सकता है।
आखिर .EXE और .DLL फाइल होती क्या है?
बहुत से लोगों को इन फाइलों के बारे में जानकारी नहीं होती। .EXE यानी Executable File और .DLL यानी Dynamic Link Library। ये सामान्य फोटो, PDF या Word फाइल नहीं होतीं, बल्कि कंप्यूटर पर कोई प्रोग्राम चलाने के लिए इस्तेमाल की जाती हैं।
अगर इनमें किसी तरह का मैलवेयर या वायरस छिपा हो और आप इन्हें चला दें, तो हैकर आपके सिस्टम पर कंट्रोल हासिल करने की कोशिश कर सकते हैं। यही वजह है कि साइबर एक्सपर्ट ऐसी फाइलों को लेकर हमेशा सतर्क रहने की सलाह देते हैं।
कैसे फंसाते हैं साइबर अपराधी?
स्कैमर्स पहले किसी भरोसेमंद व्यक्ति या संस्था का नाम लेकर WhatsApp पर मैसेज भेजते हैं। कई बार वे खुद को बैंक, सरकारी विभाग, कंपनी या आपके किसी जानने वाले के रूप में पेश करते हैं। इसके बाद वे कहते हैं कि जरूरी डॉक्यूमेंट, बिल, KYC, टैक्स, सैलरी या किसी ऑफर से जुड़ी फाइल भेजी गई है। जैसे ही यूजर उस फाइल को डाउनलोड करके खोलता है, डिवाइस में मैलवेयर इंस्टॉल होने का खतरा पैदा हो जाता है। कई मामलों में हैकर्स लोगों की जल्दबाजी और भरोसे का फायदा उठाते हैं। इसलिए किसी भी फाइल को खोलने से पहले उसके बारे में पूरी तरह जांच करना जरूरी है।
क्या-क्या हो सकता है नुकसान?
अगर आपने गलती से किसी संदिग्ध .EXE या .DLL फाइल को चला दिया, तो साइबर अपराधी आपके डिवाइस से संवेदनशील जानकारी चुरा सकते हैं। इसमें आपकी WhatsApp चैट, फोटो, कॉन्टैक्ट लिस्ट, डॉक्यूमेंट, लॉगिन जानकारी और दूसरी निजी फाइलें शामिल हो सकती हैं। कुछ मामलों में हमलावर WhatsApp Web से जुड़े सेशन का भी गलत फायदा उठाने की कोशिश करते हैं। बाद में उसी अकाउंट से आपके दोस्तों या रिश्तेदारों को पैसे मांगने वाले मैसेज भेजे जा सकते हैं।
CyberDost ने क्या सलाह दी?
CyberDost ने साफ कहा है कि किसी भी अनजान या संदिग्ध व्यक्ति से आई .EXE, .DLL या .ZIP जैसी फाइलों को डाउनलोड न करें। अगर कोई व्यक्ति खुद को आपका बॉस, बैंक अधिकारी या सरकारी कर्मचारी बताकर जल्दबाजी में फाइल खोलने के लिए कह रहा है, तो पहले उसकी पहचान की पुष्टि करें। अगर किसी मैसेज पर जरा भी शक हो, तो उसे तुरंत डिलीट कर दें और भेजने वाले नंबर को ब्लॉक कर दें।
WhatsApp को कैसे रखें सुरक्षित?
WhatsApp की सुरक्षा सिर्फ कंपनी की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यूजर को भी कुछ जरूरी कदम उठाने चाहिए। सबसे पहले WhatsApp में Two-Step Verification जरूर ऑन करें। इससे कोई दूसरा व्यक्ति आसानी से आपके अकाउंट में लॉगिन नहीं कर पाएगा।
समय-समय पर Linked Devices में जाकर देखें कि कहीं कोई अनजान डिवाइस तो आपके अकाउंट से जुड़ा नहीं है। अगर कोई संदिग्ध डिवाइस दिखे, तो उसे तुरंत हटा दें। साथ ही अपने फोन और कंप्यूटर को हमेशा अपडेट रखें और भरोसेमंद एंटीवायरस का इस्तेमाल करें।
अगर गलती से फाइल खुल जाए तो क्या करें?
अगर आपने गलती से संदिग्ध फाइल खोल दी है, तो घबराने की बजाय तुरंत कार्रवाई करें। सबसे पहले इंटरनेट कनेक्शन बंद करें। फिर अपने WhatsApp के Linked Devices चेक करें और किसी भी अनजान डिवाइस को लॉगआउट करें। उसके बाद अपने बैंक अकाउंट और जरूरी ऑनलाइन अकाउंट्स के पासवर्ड बदल दें। अगर आपको आर्थिक नुकसान होने की आशंका है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें और आधिकारिक साइबर क्राइम पोर्टल पर भी रिपोर्ट दर्ज करें।
किन फाइलों से सबसे ज्यादा सावधान रहें?
आमतौर पर लोग फोटो (.jpg), वीडियो (.mp4), PDF या Word फाइल खोलने में सहज महसूस करते हैं। लेकिन अगर किसी फाइल के आखिर में .exe, .dll, .zip, .bat या इसी तरह के दूसरे एक्सटेंशन दिखाई दें और वह किसी अनजान व्यक्ति ने भेजी हो, तो उसे बिल्कुल भी ओपन न करें। अगर फाइल किसी जानने वाले ने भेजी है लेकिन आपको उसकी उम्मीद नहीं थी, तब भी पहले फोन करके पुष्टि कर लें। कई बार किसी का अकाउंट हैक होने के बाद उसी के नंबर से मैलवेयर भेजा जाता है।
सिर्फ मोबाइल नहीं, कंप्यूटर यूजर्स भी रहें सतर्क
ऐसे स्कैम का खतरा खासकर उन लोगों के लिए ज्यादा होता है जो WhatsApp Web या WhatsApp Desktop का इस्तेमाल करते हैं। इसलिए ऑफिस या घर के कंप्यूटर पर किसी भी संदिग्ध फाइल को डाउनलोड करने से बचें। अगर किसी कंपनी में काम करते हैं, तो केवल आधिकारिक ईमेल या कंपनी के सुरक्षित प्लेटफॉर्म से ही जरूरी फाइलें डाउनलोड करें।
थोड़ी सी सावधानी बचा सकती है बड़ा नुकसान
आजकल साइबर अपराधी तकनीक के साथ-साथ लोगों की भावनाओं और जल्दबाजी का भी फायदा उठाते हैं। इसलिए अगर कोई मैसेज आपको डराने, जल्दी फैसला लेने या तुरंत फाइल खोलने के लिए कह रहा है, तो समझ जाइए कि मामला संदिग्ध हो सकता है। याद रखें, कोई भी असली बैंक, सरकारी विभाग या प्रतिष्ठित संस्था WhatsApp पर अचानक .EXE या .DLL फाइल भेजकर उसे खोलने का दबाव नहीं बनाती।
हमारी राय
WhatsApp आज हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है। ऐसे में छोटी-सी लापरवाही भी बड़ा नुकसान पहुंचा सकती है। किसी भी अनजान व्यक्ति की भेजी हुई .EXE, .DLL या दूसरी संदिग्ध फाइल कभी डाउनलोड या ओपन न करें। हमेशा Two-Step Verification चालू रखें, समय-समय पर Linked Devices चेक करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत शिकायत करें। साइबर दुनिया में सबसे मजबूत सुरक्षा आपकी सतर्कता ही है।









