भारतीय महिला क्रिकेट टीम के लिए एशियन गेम्स 2026 की तैयारियां शुरू हो गई हैं। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने जापान में होने वाले इस टूर्नामेंट के लिए टीम इंडिया के स्क्वॉड का ऐलान कर दिया है। चयनकर्ताओं ने टीम में ज्यादा बदलाव नहीं किए हैं, लेकिन एक बड़ा फैसला लेते हुए विकेटकीपर बल्लेबाज यास्तिका भाटिया को टीम से बाहर कर दिया गया है।
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला टीम की कमान एक बार फिर हरमनप्रीत कौर संभालेंगी, जबकि स्मृति मंधाना को उपकप्तान बनाया गया है। भारत इस टूर्नामेंट में डिफेंडिंग चैंपियन के तौर पर उतरेगा, क्योंकि 2023 में हांगझोऊ एशियन गेम्स में भारतीय टीम ने गोल्ड मेडल जीता था। हालांकि टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम के प्रदर्शन के बाद यह उम्मीद थी कि चयनकर्ता कुछ बड़े बदलाव कर सकते हैं, लेकिन स्क्वॉड में सिर्फ कुछ बदलाव देखने को मिले।
एशियन गेम्स 2026 के लिए भारतीय महिला टीम
एशियन गेम्स के लिए चुनी गई 15 सदस्यीय टीम में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ युवा चेहरों को भी जगह दी गई है। टीम में यह खिलाड़ी शामिल हैं -
- हरमनप्रीत कौर (कप्तान)
- स्मृति मंधाना (उपकप्तान)
- शेफाली वर्मा
- जेमिमा रोड्रिग्स
- दीप्ति शर्मा
- ऋचा घोष (विकेटकीपर)
- जी. कमलिनी (विकेटकीपर)
- भारती फूलमाली
- श्री चरणी
- रेणुका ठाकुर
- क्रांति गौड़
- अरुंधति रेड्डी
- श्रेयंका पाटिल (फिटनेस के अधीन)
- राधा यादव
- नंदिनी शर्मा
यास्तिका भाटिया को क्यों किया गया बाहर?
सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर यास्तिका भाटिया को टीम से बाहर क्यों किया गया। यास्तिका ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम का हिस्सा रहते हुए उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं किया था। उन्होंने टूर्नामेंट में तीन मैच खेले और सिर्फ 41 रन बनाए। उनका औसत करीब 13.66 रहा। चयनकर्ताओं ने उनके प्रदर्शन को देखते हुए एशियन गेम्स के लिए उन्हें टीम में शामिल नहीं किया।
हालांकि यास्तिका एक प्रतिभाशाली विकेटकीपर बल्लेबाज हैं और भारतीय टीम के लिए पहले भी अहम पारियां खेल चुकी हैं, लेकिन टी20 फॉर्मेट में लगातार रन बनाना उनके लिए चुनौती रहा है। उनकी जगह विकेटकीपर बल्लेबाज जी. कमलिनी को टीम में शामिल किया गया है। कमलिनी ने हाल के समय में घरेलू क्रिकेट और इंडिया ए के लिए अच्छा प्रदर्शन किया है।
हरमनप्रीत कौर पर फिर जताया भरोसा
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम के निराशाजनक प्रदर्शन के बावजूद चयनकर्ताओं ने कप्तान हरमनप्रीत कौर पर भरोसा बनाए रखा है। टीम टूर्नामेंट के सेमीफाइनल तक नहीं पहुंच पाई थी, जिसके बाद कप्तानी और चयन को लेकर सवाल उठे थे। हरमनप्रीत लंबे समय से भारतीय महिला क्रिकेट की प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल हैं। उनकी कप्तानी में भारत ने कई बड़े टूर्नामेंट खेले हैं और एशियन गेम्स में भी टीम उनसे अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद करेगी।
श्रेयंका पाटिल को मिली जगह, लेकिन फिटनेस जरूरी
ऑलराउंडर श्रेयंका पाटिल को भी टीम में शामिल किया गया है, लेकिन उनका खेलना फिटनेस पर निर्भर करेगा। वह टी20 वर्ल्ड कप के दौरान चोटिल हो गई थीं और उनके पैर में चोट आई थी। श्रेयंका भारतीय टीम के लिए महत्वपूर्ण खिलाड़ी मानी जाती हैं क्योंकि वह गेंदबाजी के साथ-साथ बल्लेबाजी में भी योगदान देने की क्षमता रखती हैं। अगर वह पूरी तरह फिट होती हैं तो एशियन गेम्स में टीम के संतुलन को मजबूत कर सकती हैं।
क्या टी20 वर्ल्ड कप की हार का असर हुआ?
भारतीय महिला टीम टी20 वर्ल्ड कप 2026 में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई। टीम को अहम मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा और वह आगे नहीं बढ़ सकी। इसके बाद माना जा रहा था कि टीम में बड़े बदलाव होंगे। लेकिन चयनकर्ताओं ने ज्यादातर पुराने खिलाड़ियों पर ही भरोसा दिखाया है। यास्तिका भाटिया का बाहर होना इस बात का संकेत है कि प्रदर्शन को लेकर चयनकर्ता सख्त फैसला लेने से पीछे नहीं हट रहे हैं।
एशियन गेम्स में भारत की चुनौती
एशियन गेम्स 2026 का आयोजन जापान के आइची-नागोया में होगा। क्रिकेट प्रतियोगिता में भारतीय महिला टीम अपना खिताब बचाने के इरादे से उतरेगी। 2023 में भारत ने श्रीलंका को हराकर गोल्ड मेडल जीता था। उस टूर्नामेंट में जेमिमा रोड्रिग्स ने शानदार प्रदर्शन किया था और टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई थी। इस बार भी टीम में स्मृति मंधाना, शेफाली वर्मा, जेमिमा, हरमनप्रीत और दीप्ति जैसी अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं।
टीम में युवा खिलाड़ियों को मौका
इस स्क्वॉड में जी. कमलिनी और नंदिनी शर्मा जैसे युवा खिलाड़ियों को भी जगह दी गई है। इससे साफ है कि चयनकर्ता भविष्य की टीम तैयार करने पर भी ध्यान दे रहे हैं। कमलिनी को विकेटकीपर बल्लेबाज के तौर पर मौका मिलना यास्तिका के लिए सीधी चुनौती माना जा सकता है।
हमारी राय
एशियन गेम्स 2026 के लिए भारतीय महिला क्रिकेट टीम का चयन कई मायनों में खास है। जहां हरमनप्रीत कौर और स्मृति मंधाना जैसे अनुभवी खिलाड़ियों पर भरोसा कायम रखा गया है, वहीं यास्तिका भाटिया को बाहर कर चयनकर्ताओं ने प्रदर्शन को प्राथमिकता देने का संदेश दिया है। अब भारतीय टीम के सामने चुनौती होगी कि वह टी20 वर्ल्ड कप की निराशा को पीछे छोड़कर एशियन गेम्स में अपना खिताब बचा सके। अनुभव और युवा जोश के इस मिश्रण के साथ टीम इंडिया एक बार फिर गोल्ड मेडल जीतने के लक्ष्य के साथ मैदान में उतरेगी।









