टेक दुनिया में अब फिटनेस गैजेट्स का क्रेज तेजी से बढ़ता जा रहा है। लोग सिर्फ स्मार्टफोन ही नहीं बल्कि अपनी हेल्थ पर नजर रखने वाले स्मार्ट डिवाइसेज भी बड़े पैमाने पर खरीद रहे हैं। इसी बीच Google ने अपना नया फिटनेस ट्रैकर Fitbit Air लॉन्च कर दिया है। सबसे खास बात यह है कि इस डिवाइस में कोई डिस्प्ले नहीं दिया गया है। यानी यह बाकी फिटनेस बैंड्स से काफी अलग नजर आता है।

गूगल का कहना है कि Fitbit Air को खासतौर पर उन लोगों के लिए डिजाइन किया गया है जो बिना ज्यादा नोटिफिकेशन और स्क्रीन डिस्ट्रैक्शन के सिर्फ अपनी हेल्थ और फिटनेस ट्रैक करना चाहते हैं। कंपनी इसे 'मिनिमलिस्ट फिटनेस ट्रैकर' के रूप में पेश कर रही है।

 

बिना डिस्प्ले वाला फिटनेस ट्रैकर क्यों है खास?

आज के ज्यादातर स्मार्टवॉच और फिटनेस बैंड्स में बड़ी स्क्रीन, कॉलिंग फीचर और लगातार आने वाले नोटिफिकेशन मिलते हैं। लेकिन Fitbit Air इस ट्रेंड से बिल्कुल अलग है। इसमें डिस्प्ले ही नहीं दिया गया। कंपनी का कहना है कि कई लोग ऐसे गैजेट्स चाहते हैं जो सिर्फ फिटनेस डेटा ट्रैक करें और उन्हें बार-बार स्क्रीन देखने की आदत से दूर रखें। इसी सोच के साथ Fitbit Air को तैयार किया गया है। यह डिवाइस मोबाइल ऐप के जरिए काम करेगा। यानी यूजर अपने सारे फिटनेस डेटा को स्मार्टफोन में देख पाएंगे। इससे डिवाइस का डिजाइन भी काफी हल्का और सिंपल रखा गया है।

 

डिजाइन में काफी हल्का और छोटा

Fitbit Air का डिजाइन काफी कॉम्पैक्ट रखा गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक यह कंपनी के अब तक के सबसे हल्के फिटनेस ट्रैकर्स में से एक है। इसमें सिलिकॉन स्ट्रैप दिया गया है और इसे पूरे दिन पहनने में आसानी हो सके, इस बात का खास ध्यान रखा गया है। कंपनी का दावा है कि यूजर इसे सोते समय भी आराम से पहन सकते हैं। डिस्प्ले न होने की वजह से इसकी बैटरी और डिजाइन दोनों में फायदा मिला है। डिवाइस देखने में काफी सिंपल लेकिन प्रीमियम लगता है।

 

कौन-कौन से फिटनेस फीचर्स मिलेंगे?

हालांकि Fitbit Air में स्क्रीन नहीं है, लेकिन इसमें कई जरूरी फिटनेस फीचर्स दिए गए हैं। यह डिवाइस हार्ट रेट मॉनिटरिंग, स्लीप ट्रैकिंग, स्टेप काउंट और कैलोरी ट्रैकिंग जैसे फीचर्स सपोर्ट करता है। इसके अलावा इसमें एक्टिविटी ट्रैकिंग फीचर भी मौजूद है, जिससे यूजर अपनी डेली फिजिकल एक्टिविटी पर नजर रख सकेंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक डिवाइस एआई बेस्ड हेल्थ इनसाइट्स भी देगा। यानी यूजर को उनकी नींद, एक्टिविटी और हेल्थ पैटर्न के आधार पर सुझाव मिल सकते हैं। 

 

मोबाइल ऐप बनेगा मुख्य कंट्रोल सेंटर

क्योंकि Fitbit Air में स्क्रीन नहीं है, इसलिए इसका पूरा कंट्रोल स्मार्टफोन ऐप के जरिए होगा। यूजर Fitbit ऐप में जाकर अपनी हेल्थ रिपोर्ट, एक्टिविटी डेटा और दूसरे आंकड़े देख पाएंगे। गूगल का कहना है कि ऐप इंटरफेस को काफी आसान बनाया गया है ताकि यूजर बिना किसी परेशानी के अपना डेटा समझ सकें। कई विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका उन लोगों को पसंद आ सकता है जो बार-बार स्क्रीन देखने से बचना चाहते हैं लेकिन अपनी हेल्थ ट्रैकिंग जारी रखना चाहते हैं।

 

बैटरी लाइफ हो सकती है बड़ी ताकत

डिस्प्ले न होने का सबसे बड़ा फायदा बैटरी बैकअप में देखने को मिल सकता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक Fitbit Air एक बार चार्ज करने पर कई दिनों तक चल सकता है। 

आमतौर पर स्मार्टवॉच की बैटरी एक-दो दिन में खत्म हो जाती है, लेकिन इस नए ट्रैकर में लंबी बैटरी लाइफ पर खास फोकस किया गया है। गूगल का मानना है कि लंबे बैटरी बैकअप की वजह से लोग इसे ज्यादा आसानी से लगातार इस्तेमाल कर पाएंगे।

 

कीमत को लेकर भी चर्चा

रिपोर्ट्स के अनुसार Fitbit Air को मिड-रेंज प्राइस सेगमेंट में लॉन्च किया गया है ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसे खरीद सकें। हालांकि अलग-अलग देशों में इसकी कीमत अलग हो सकती है। टेक एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह डिवाइस खासकर उन यूजर्स को टारगेट करेगा जो महंगी स्मार्टवॉच नहीं खरीदना चाहते लेकिन हेल्थ ट्रैकिंग चाहते हैं। भारत में इसकी लॉन्चिंग को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। क्योंकि भारत में फिटनेस बैंड्स और हेल्थ गैजेट्स का बाजार तेजी से बढ़ रहा है।

 

क्या स्क्रीनलेस गैजेट्स का नया ट्रेंड शुरू होगा?

Fitbit Air के लॉन्च के बाद अब टेक इंडस्ट्री में एक नई बहस शुरू हो गई है। कई विशेषज्ञ मान रहे हैं कि आने वाले समय में 'लो-डिस्ट्रैक्शन' डिवाइसेज की मांग बढ़ सकती है। आज लोग लगातार मोबाइल और स्क्रीन के इस्तेमाल से परेशान हो रहे हैं। ऐसे में कंपनियां अब ऐसे गैजेट्स बनाने पर फोकस कर रही हैं जो कम स्क्रीन टाइम के साथ जरूरी काम कर सकें। Fitbit Air को इसी दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।

 

सोशल मीडिया पर मिले मिले-जुले रिएक्शन

Fitbit Air के लॉन्च के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों को इसका सिंपल और हल्का डिजाइन काफी पसंद आया। वहीं कुछ यूजर्स का कहना है कि बिना स्क्रीन के फिटनेस ट्रैकर इस्तेमाल करना थोड़ा अजीब लग सकता है क्योंकि लोग तुरंत डेटा देखने के आदी हो चुके हैं। कई लोगों ने इसे 'डिजिटल डिटॉक्स' पसंद करने वालों के लिए शानदार डिवाइस बताया।

 

Google की वियरेबल स्ट्रेटजी का हिस्सा

गूगल पिछले कुछ समय से वियरेबल टेक्नोलॉजी पर काफी फोकस कर रहा है। Fitbit के अधिग्रहण के बाद कंपनी लगातार नए हेल्थ और फिटनेस प्रोडक्ट्स ला रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि Fitbit Air सिर्फ एक फिटनेस ट्रैकर नहीं बल्कि गूगल की नई रणनीति का हिस्सा है जिसमें हेल्थ ट्रैकिंग को ज्यादा सरल और कम डिस्ट्रैक्टिंग बनाने की कोशिश की जा रही है। कंपनी भविष्य में ऐसे और प्रोडक्ट्स ला सकती है जो एआई और हेल्थ डेटा को बेहतर तरीके से जोड़ें।

 

क्या लोगों को पसंद आएगा यह नया एक्सपेरिमेंट?

Fitbit Air टेक दुनिया में एक अलग एक्सपेरिमेंट की तरह देखा जा रहा है। ऐसे समय में जब कंपनियां ज्यादा बड़ी स्क्रीन और ज्यादा फीचर्स देने की होड़ में लगी हैं, गूगल ने बिल्कुल उल्टा रास्ता चुना है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि लोग बिना स्क्रीन वाले फिटनेस ट्रैकर को कितना पसंद करते हैं। लेकिन इतना जरूर है कि यह डिवाइस उन लोगों के बीच लोकप्रिय हो सकता है जो सिंपल, हल्का और कम डिस्ट्रैक्शन वाला फिटनेस गैजेट चाहते हैं। अगर Fitbit Air सफल होता है तो आने वाले समय में दूसरी कंपनियां भी ऐसे स्क्रीनलेस स्मार्ट डिवाइसेज लाने की कोशिश कर सकती हैं।